अंग्रेजी माध्यम में पढ़ाई का मौका, मनेंद्रगढ़ आत्मानंद स्कूल में 5 मई तक आवेदन…
मनेंद्रगढ़| विद्यार्थियों के लिए उच्च स्तरीय अंग्रेजी माध्यम शिक्षा पाने का एक और अवसर (Swami Atmanand School) आ गया है। शासन की महत्वाकांक्षी योजना के तहत संचालित स्वामी आत्मानंद शासकीय अंग्रेजी विद्यालय, मनेंद्रगढ़ में शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए दाखिले की प्रक्रिया आधिकारिक तौर पर शुरू कर दी गई है। इच्छुक छात्र-छात्राएं 10 अप्रैल से लेकर 5 मई 2026 की शाम 5:00 बजे तक अपना आवेदन जमा कर सकते हैं।
सुविधा के लिए जिला प्रशासन ने ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों ही रास्तों को खुला रखा है। जो अभिभावक अपने बच्चों का भविष्य संवारना चाहते हैं, वे शिक्षा विभाग के आधिकारिक पोर्टल पर जाकर घर बैठे फॉर्म भर सकते हैं। इस पहल का उद्देश्य स्थानीय बच्चों को निजी स्कूलों जैसी सुविधाएं सरकारी ढांचे में उपलब्ध कराना है।
विद्यालय प्रबंधन द्वारा जारी की गई रिक्त सीटों की सूची के अनुसार, सबसे ज्यादा अवसर कक्षा पहली के नन्हे बच्चों के लिए हैं, जहाँ कुल 50 सीटें उपलब्ध कराई गई हैं। अन्य कक्षाओं में मुकाबला थोड़ा कड़ा रहने वाला है क्योंकि वहां सीटें बेहद सीमित हैं। जानकारी के मुताबिक, कक्षा तीसरी, चौथी और पांचवीं में मात्र 1-1 सीट ही रिक्त है।
वहीं, कक्षा सातवीं में 2 और आठवीं में 6 सीटों पर प्रवेश दिया जाएगा। उच्च माध्यमिक स्तर की बात करें तो कक्षा 11वीं में कॉमर्स, जीव विज्ञान (बायोलॉजी) और गणित संकाय के लिए 5-5 सीटें सुरक्षित (Swami Atmanand School) की गई हैं। इन सभी सीटों पर बालक एवं बालिकाओं को समान अवसर प्रदान किए जाएंगे, जिससे क्षेत्र के प्रतिभावान छात्रों को बेहतर शैक्षणिक मंच मिल सके।
स्वामी आत्मानंद स्कूल में प्रवेश पाने की होड़ को देखते हुए प्रशासन ने चयन प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी रखने का निर्णय (Swami Atmanand School) लिया है। विद्यालय प्रबंधन ने स्पष्ट कर दिया है कि यदि किसी भी कक्षा में उपलब्ध सीटों की तुलना में ज्यादा आवेदन प्राप्त होते हैं, तो भाग्य का फैसला ‘लॉटरी प्रणाली’ के जरिए किया जाएगा।
लॉटरी की तिथि और समय की जानकारी आवेदकों को पहले ही दे दी जाएगी ताकि पूरी प्रक्रिया जनता की मौजूदगी में निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो सके। अभिभावकों को सलाह (Swami Atmanand School) दी गई है कि वे अंतिम तिथि का इंतजार किए बिना समय पर ऑनलाइन आवेदन पूर्ण कर लें, ताकि तकनीकी दिक्कतों या अंतिम समय की भीड़ से बचा जा सके।