तंत्र-मंत्र के चक्कर चाचा ने 3 साल की भतीजी की चढ़ाई बलि, सिर धड़ से अलग

छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले के बागबहार थाना क्षेत्र के छातासराई पंचायत में अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के चलते एक सगे चाचा ने अपने तीन साल की मासूम भतीजी की सिर धर से अलग कर बलि चढ़ा दी।

जशपुर। छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में अंधविश्वास ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। बागबहार थाना क्षेत्र के छातासराई पंचायत में अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र के चलते एक सगे चाचा ने अपने तीन साल की मासूम भतीजी का सिर धड़ से अलग कर के बलि चढ़ा दी। यही नहीं आरोपी ने बच्ची की लाश को चूल्हे में झोंक दिया। घटना के बाद पूरे गांव में सनसनी फैल गई। पुलिस ने आरोपी चाचा को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने डेडबॉडी का पोस्टमार्टम कर के परिजनों को सुपुर्द कर दिया है।

सिर धड़ से किया अलग

पुलिस से मिली जानकारी के मुताबिक, छातासराई निवासी आरोपी रामप्रसाद नाग (35 वर्ष) ने अपने छोटे भाई राजाराम नाग की बेटी खुशी की हत्या कर दी। आरोपी ने तीन साल की बेटी का सिर धड़ से अलग कर दिया। बताया जाता है कि आरोपी ने अंधविश्वास और तंत्र मंत्र के चक्कर में इस वारदात को अंजाम दिया। आरोपी की मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी। उसका अपने भाई से विवाद भी था। परिवार और गांव के लोग इसे तंत्र-मंत्र से जोड़कर देख रहे हैं।

नरबलि के लिए उकसाने की चर्चा

पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। इस भयावह घटना ने पूरे गांव को झकझोर कर रख दिया है। गांव में चर्चा है कि आरोपी के संपर्क में कोई जादू टोना वाला आया था, जिसने उसे नरबलि देने के लिए उकसाया होगा। इसी के चलते उसने अपने ही भाई की मासूम बेटी को मौत के घाट उतार दिया। घटना की सूचना पर बागबहार पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।

अपने बच्चों को भी ढूंढ रहा था आरोपी

इस दर्दनाक घटना से पूरे गांव में आक्रोश और भय का माहौल है। मासूम की मां रीता नाग अपनी इकलौती बेटी को इस तरह खोने के बाद बदहवास है। ग्रामीणों की मानें तो आरोपी ने हत्या के बाद बच्ची के कटे सिर को घर में बने पूजा चूल्हे पर रखकर तंत्र-मंत्र करना शुरू कर दिया था। चौंकाने वाली बात यह है कि घटना के दिन आरोपी अपने बच्चों को भी खोज रहा था। आशंका है कि वह अपने भी बच्चों की बलि देने की योजना बना रहा था।