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Weather Update : आज फिर तेज आंधी और गरज-चमक के साथ बरसेंगे बादल, कई जिलों में बारिश का अलर्ट जारी….

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CG Weather Update: छत्तीसगढ़ में बीते दिन तेज आंधी और गरज-चमक के साथ बारिश हुई. आज भी प्रदेश के कई जिलों में तेज हवा के साथ बारिश की संभावना है. मौसम विभाग ने सरगुजा संभाग के 3 जिलों में अगले 3 घंटों के लिए बारिश का यलो अलर्ट जारी किया है.

मौसम विभाग के अनुसार, सूरजपुर, कोरिया और बलरामपुर में सुबह 10:30 तक अचानक तेज हवा और गरज-चमक के साथ बारिश हो सकती है. इन तीनों जिलों में बारिश का यलो अलर्ट जारी किया गया है. इसके साथ ही सरगुजा जिले के कई हिस्सों में भी बारिश की संभावना है. सरगुजा संभाग में मौसम विभाग ने 30-40 KMPH की स्पीट से हवा चलने की संभावना जताई है.

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, 24 घंटों के बाद उत्तर व मध्य छत्तीसगढ़ के अधिकतम तापमान में 2-3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट होने की संभावना है.

बीते दिन प्रदेश में सबसे अधिक तापमान राजधानी रायपुर में 41.4°C दर्ज किया गया. वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान 24.2°C दुर्ग में दर्ज किया गया.

प्रदेश के प्रमुख शहरों में दर्ज क्या गया तापमान और वर्षा के आंकड़े:

पिछले 24 घंटों में एक-दो स्थानों पर हल्की वर्षा दर्ज की गई. दुर्ग में 2 मिमी, मनोरा में 2 मिमी, सन्ना में 1 मिमी, कुकरेल में 1 मिमी, भोपालपटनम में 1 मिमी और मर्री बंगला देवरी में 1 मिमी बारिश दर्ज की गई.

बीते दिन बुधवार को बलरामपुर जिले में आज आकाशीय बिजली की चपेट में आने से पिता-पुत्र समेत तीन लोगों की मौत हो गई. वहीं कई मवेशियों की भी जान चली गई.

राजधानी रायपुर में आज सुबह से बादल छाए हुए हैं. राजधानी समेत रायपुर जिले के कई हिस्सों में भी आज गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है. अधिकतम और न्यूनतम तापमान क्रमशः 41°C और 29°C के आसपास रहने की संभावना है.

1. अगले 3-4 दिनों के दौरान केरल में मॉनसून के आगमन के लिए परिस्थितियाँ अनुकूल होने की संभावना है.

2. इसी अवधि के दौरान दक्षिण अरब सागर के कुछ और हिस्सों, मालदीव और कोमोरिन क्षेत्र के शेष हिस्सों; लक्षद्वीप क्षेत्र, केरल, तमिलनाडु के कुछ हिस्सों; दक्षिण और मध्य बंगाल की खाड़ी के कुछ और हिस्सों, उत्तरी बंगाल की खाड़ी और पूर्वोत्तर राज्यों के कुछ हिस्सों में दक्षिण-पश्चिम मॉनसून के आगे बढ़ने के लिए परिस्थितियाँ अनुकूल होने की संभावना है.

3. मध्य क्षोभमंडलीय पश्चिमी हवाओं में द्रोणिका अपनी धुरी के साथ औसत समुद्र तल से 5.8 किमी ऊपर अब मोटे तौर पर देशांतर 82° पूर्व से अक्षांश 25° उत्तर के उत्तर में बनी हुई है.

4. पूर्व-पश्चिम गर्त अब पंजाब और उसके आसपास के क्षेत्रों से होकर हरियाणा, उत्तरी मध्य प्रदेश, झारखंड और उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम होते हुए पूर्वी बांग्लादेश तक औसत समुद्र तल से 0.9 किमी ऊपर बना हुआ है.

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