जिला स्तरीय कौशल प्रतियोगिता का कलेक्टर ने किया शुभारंभ, कहा-तकनीकी ज्ञान और कौशल का उपयोग सृजनात्मक कार्यों में करें
दुर्ग। छत्तीसगढ़ राज्य कौशल विकास प्राधिकरण अंतर्गत युवाओं में कौशल विकास के संबंध में जागरूकता एवं मुख्यमंत्री कौशल योजना एवं प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना अंतर्गत कौशल विकास प्रशिक्षित तथा प्रशिक्षणरत् युवाओं को अपने तकनीकी कौशल का मूल्यांकन एवं प्रदर्शन का अवसर प्रदान करने जिले में अलग-अलग स्थानों पर जिला स्तरीय कौशल प्रतियोगिता 21 से 23 जुलाई तक आयोजित है।
कौशल तिहार 2025 के अंतर्गत आयोजित इस प्रतियोगिता का आज एम.एस.एम.ई. प्रौद्योगिकी केन्द्र रसमड़ा दुर्ग मेंकलेक्टर अभिजीत सिंह ने दीप प्रज्जवलित कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर प्रतिभागियों को सम्बोधित करते हुए कलेक्टर सिंह ने कहा कि तकनीकी ज्ञान और कौशल का उपयोग सृजनात्मक कार्यों में हो। उन्होंने कहा कि कौशल एक ऐसी ज्ञान है, जो व्यक्ति को एक अलग पहचान दिलाती है।
कलेक्टर ने कहा कि मानव पीढ़ी दर पीढ़ी कौशल ज्ञान का उन्नयन करते हुए आज इस मुकाम तक पहुंचा है। अपने ज्ञान और सिद्धांतों के आधार पर अनेकों अविष्कार किये हैं। उन्होंने कहा कि मानव प्रवृत्ति की सोच अविष्कार आधारित है। आकाश में उडऩे की सोच से हेलीकाप्टर और हवाई जहाज तक अविष्कार किया है। दुनिया में टेक्नोलॉजी का निरंतर विस्तार हुआ है। जिसकी वजह से आवागमन, संचार और उर्जा के क्षेत्र में अविष्कार हुए हैं।
आज सरकार सोलर टेक्नोलॉजी, सोलर उर्जा को बढ़ावा दे रही है। इसे और विकसित करने प्रतियोगी प्रतिभागियों का भी योगदान होना चाहिए। कलेक्टर ने कहा कि इस प्रतियोगिता के प्रतिभागी अपने कौशल तकनीक से इस केन्द्र का रोल मॉडल बन कर आने वाले अन्य प्रशिक्षणार्थियों को प्रेरित कर सकते हैं। एम.एस.एम.ई. प्रौद्योगिकी केन्द्र के प्रभारी प्रबंधक अभिनव दास ने कौशल विकास प्रशिक्षण एवं प्रतियोगिता के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला।
इससे पूर्व कलेक्टर अभिजीत सिंह ने प्रौद्योगिकी केन्द्र अंतर्गत विभिन्न टेक्निकल कांफ्रेंस सेक्टर का अवलोकन कर सी.एन.सी. ऑपरेटर ट्रेनिंग, सोलर पी.बी. इस्ट्रालर की जानकारी ली। उन्होंने औद्योगिक केन्द्र परिसर में वृक्षारोपण भी किया। इस अवसर पर नोडल अधिकारी डिप्टी कलेक्टर उत्तम ध्रुव, प्रौद्योगिकी केन्द्र के प्रशिक्षक, उद्योग, रोजगार, क्रेडा, विभाग के अधिकारी एवं प्रशिक्षित प्रतिभागी उपस्थित थे।