कल मुख्यमंत्री साय दुर्ग में करेंगे 259 करोड़ से अधिक के 191 विकास कार्यो का लोकर्पण एवं भूमिपूजन
दुर्ग। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय 31 मई को दुर्ग दौरे पर रहेंगे। इस दौरान मुख्यमंत्री दुर्ग शहर में 259 करोड़ रुपये के 191 विकास कार्यों का लोकार्पण और भूमिपूजन करेंगे। इस दौरान महापौर अलका बाघमार शहर विकास से जुड़ी विभिन्न परियोजनाओं के लिए करीब 100 करोड़ रुपए की स्वीकृति संबंधी ज्ञापन मुख्यमंत्री को सौंपेंगी। इसमें नगर निगम की नई बिल्डिंग, ऑडिटोरियम, स्पोट्र्स कॉम्प्लेक्स, सियान सदन, जलभराव निराकरण और अधोसंरचना विकास जैसे प्रस्ताव शामिल किए गए हैं। नगर निगम के कई विभाग फिलहाल अलग-अलग भवनों से संचालित हो रहे हैं। सभी को एक ही परिसर में लाने लंबे समय से नए निगम भवन की मांग की जा रही हैं। पूर्व की शहर सरकारों ने भी प्रयास किए। लेकिन मामला आगे नहीं बढ़ पाया। सिंचाई विभाग ने जमीन के लिए एनओसी जारी कर दी है। इसके बाद महापौर ने नए भवन के लिए 20 करोड़ रुपए की मांग करेंगी।
इसके अलावा विकास के 66 कार्यों का भूमिपूजन और 25 कामों का लोकार्पण होगा। मुख्यमंत्री 248 करोड़ रुपए लागत के 66 विकास कार्यों का भूमिपूजन करेंगे। इनमें 77 एमएलडी एसटीपी निर्माण, मटेरियल रिकवरी फैसिलिटी अंतर्गत कम्पोस्ट प्लांट निर्माण, इंदिरा मार्केट मल्टीलेवल पार्किंग, नालंदा परिसर, विभिन्न वार्डों में सीसी रोड,आरसीसी नाली, पुलिया और डामरीकरण कार्य शामिल हैं। प्रमुख सड़कों के चौड़ीकरण,केनाल रोड,सिकोला नाला, जलागार निर्माण और पाइपलाइन विस्तार कार्य भी प्रस्तावित हैं।
वहीं, 11.32 करोड़ रुपए लागत के 25 विकास कार्यों का लोकार्पण किया जाएगा। इनमें मॉडल स्ट्रीट फूड हब, विभिन्न वार्डों में पेवर ब्लॉक और डामरीकरण, मेनोनाइट चौक से चौपाटी तक मार्ग चौड़ीकरण तथा गंजपारा चौक से शिवनाथ नदी तक सड़क उन्नयन कार्य शामिल हैं। मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस विभाग ने जेआरडी शासकीय स्कूल मैदान का निरीक्षण किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री के अलावा कैबिनेट मंत्री और अन्य जनप्रतिनिधि भी शामिल होगे।
इसके अलावा एमआईसी सदस्यों के साथ हुई बैठक में निगम परिसर की खाली जमीन पर एक हजार क्षमता वाले ऑडिटोरियम के लिए 20 करोड़ रुपए की मांग तय की गई। वहीं आदित्य नगर चौक के पास पांच एकड़ जमीन पर स्पोट्र्स कॉम्प्लेक्स, पांच सियान सदन, वार्ड-60 में अधूरे बैडमिंटन कोर्ट को पूरा करने, इंदिरा मार्केट उन्नयन, जलभराव समस्या के समाधान के लिए 5 करोड़ तथा 60 वार्डों में अधोसंरचना विकास के लिए 20 करोड़ रुपए की मांग भी रखी जाएगी। नालियों और पाइपलाइन को अलग-अलग करने की योजना के लिए भी वित्तीय स्वीकृति मांगी जाएगी।