बिना RERA रजिस्ट्रेशन बेच दिए प्लॉट, भिलाई के बालाजी बिल्डर्स पर 20 लाख का जुर्माना

रायपुर : छत्तीसगढ़ में बिना रेरा पंजीयन के भूखंडों की बिक्री करने वाले बिल्डरों के खिलाफ छत्तीसगढ़ भू-संपदा विनियामक प्राधिकरण (CG RERA) ने सख्त रुख अपनाया है। इसी कड़ी में प्राधिकरण ने भिलाई के मेसर्स बालाजी बिल्डर्स पर 20 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। जांच में सामने आया कि बिल्डर ने अनिवार्य रेरा पंजीयन कराए बिना ही भूखंडों का विक्रय किया और खरीदारों से रकम भी वसूल की। प्राधिकरण ने भू-संपदा अधिनियम 2016 की धारा 3 के उल्लंघन पर धारा 59 के तहत यह कार्रवाई की है।
रेरा से मिली जानकारी के अनुसार, मेसर्स बालाजी बिल्डर्स के प्रोपराइटर जुगल किशोर तिवारी हैं, जो भिलाई के सुपेला स्थित दक्षिण गंगोत्री के निवासी हैं। उनके द्वारा भिलाई के प्रियंका नगर स्थित खसरा नंबर 617/17 और आदर्श नगर स्थित खसरा नंबर 95/43 की जमीन पर भू-संपदा परियोजनाओं के तहत भूखंडों की बिक्री की गई थी। इन दोनों परियोजनाओं का छत्तीसगढ़ रेरा में अनिवार्य पंजीयन नहीं कराया गया था।
प्राधिकरण की जांच में पता चला कि संबंधित प्रमोटर ने परियोजना की जमीन का विभाजन कर अलग-अलग भूखंड तैयार किए और उनका विक्रय किया। इस दौरान खरीदारों से बिक्री की रकम भी प्राप्त की गई, लेकिन नियमानुसार परियोजनाओं का रेरा पंजीयन नहीं कराया गया। रेरा ने इसे अधिनियम के प्रावधानों का स्पष्ट उल्लंघन माना है।
छत्तीसगढ़ रेरा ने अपने आदेश में स्पष्ट किया है कि भू-संपदा (विनियमन और विकास) अधिनियम, 2016 की धारा 3 के तहत पंजीयन के दायरे में आने वाली किसी भी परियोजना का पंजीयन कराए बिना उसका विज्ञापन, मार्केटिंग, बुकिंग या बिक्री नहीं की जा सकती। यह नियम भूखंडों के साथ-साथ आवासीय इकाइयों पर भी लागू होता है।
प्राधिकरण ने इसी उल्लंघन के आधार पर बालाजी बिल्डर्स पर 20 लाख रुपये का अर्थदंड लगाया है। इसके अलावा प्रमोटर को अधिनियम की धारा 3 और 4 के तहत संबंधित परियोजनाओं का अनिवार्य पंजीयन कराने के निर्देश भी दिए गए हैं।
रेरा का उद्देश्य रियल एस्टेट क्षेत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना है। इसके माध्यम से भूखंड या मकान खरीदने वाले लोगों को परियोजना से जुड़ी जरूरी जानकारियां उपलब्ध कराई जाती हैं और उनके हितों की रक्षा की जाती है।
प्राधिकरण ने सभी बिल्डरों और प्रमोटरों को चेतावनी दी है कि परियोजनाओं का विकास और बिक्री शुरू करने से पहले रेरा के अनिवार्य पंजीयन नियमों का पालन करें। बिना पंजीयन भूखंड या मकान बेचने वालों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
