डीजे संचालकों ने घेरा डिप्टी सीएम का बंगला, हाईकोर्ट के आदेश के बाद प्रशासन हुआ था सख्त, संचालक बोले-तय प्रक्रिया के तहत दी जाए अनुमति
बिलासपुर। हाईकोर्ट के आदेश के बाद प्रशासन ने इस बार त्योहारों पर डीजे पर सख्ती दिखाई है। डीजे को जब्त करने और पुलिसिया कार्रवाई से नाराज डीजे संचालकों ने शुक्रवार की रात डिप्टी सीएम अरूण साव के बंगले का घेराव कर दिया।
इस दौरान जमकर नारेबाजी करते हुए संचालकों ने हंगामा किया। इस दौरान एसएसपी रजनेश सिंह मौके पर पहुंच गए। उन्होंने संचालकों को समझाइश देते हुए शांत कराया। साथ ही एक सितंबर को उनकी बैठक लेकर बातचीत करने का भरोसा दिलाया।
दरअसल, त्योहारी सीजन शुरू होते ही डीजे की डिमांड बढ़ गई है। लेकिन, इस बार हाईकोर्ट की सख्ती के बाद जिला और पुलिस प्रशासन ने गणेश उत्सव के दौरान डीजे पर अस्थाई रूप से प्रतिबंध लगा दिया है। इस बार गणेश प्रतिमा स्थापना सहित अन्य समारोह में डीजे संचालकों को अनुमति नहीं दी जा रही है। साथ ही गाडिय़ों में डीजे रखने पर यातायात नियमों के तहत कार्रवाई भी की जा रही है।
इसके चलते डीजे संचालक संघ अब एकजुट होकर आंदोलन करने की रणनीति बना रहे हैं। उनका कहना है कि उन्होंने व्यवसाय चलाने के लिए कर्ज लिया है। महंगे-महंगे साउंड सिस्टम सहित उपकरणों की खरीदी की है। बैंक में कर्ज चुकाने के लिए किश्त जमा करना पड़ता है। लेकिन, व्यवसाय ठप होने के कारण उन्हें परिवार चलाना मुश्किल हो रहा है।
इस दौरान एसएसपी रजनेश सिंह ने डीजे संचालक संघ के पदाधिकारियों से बातचीत की। वहीं, डीजे संचालकों ने उन्हें अपनी समस्याएं बताते हुए अपनी व्यवसायिक समस्या का हल निकालने का आग्रह किया। हालांकि, एसएसपी सिंह ने उनकी बातों को सुनने के बाद एक सितंबर को संघ के पदाधिकारियों की बैठक लेकर उनकी समस्या का समाधान निकालने का भरोसा दिलाया।