1 अक्टूबर से लागू होगा ऑनलाइन गेमिंग कानून, पैसा लगाकर खेले जाने वाले ऑनलाइन गेम पर लगेगा प्रतिबंध
दिल्ली।केंद्र सरकार ऑनलाइन गेमिंग एप्स को लेकर बड़ा फैसला लेने जा रही है। 1अक्टूबर से ऑनलाइन गेमिंग कानून लागू होने जा रहा है। कानून लागू होने के बाद उन लोगों को थोड़ी मुश्किलों का सामना करना पड़ सकता है जो इंटरनेट पर ऑनलाइन गेम खेलते थे और उसमें पैसे लगाते थे।
आईटी मिनिस्टर अश्विनी वैष्णव ने गुरुवार को मीडिया से चर्चा कर के कहा कि 1अक्टूबर से ऑनलाइन गेमिंग एक्ट 2025 लागू होने जा रहा है। कानून को लागू करने से पहले सरकार सभी गेमिंग कंपनियों के साथ बैठकर चर्चा करेगी इससे पहले भी सरकार ने गेमिंग कंपनियों, बैंकों और अन्य हिस्सेदारों से कई बार चर्चा की है अश्विनी वैष्णव ने आगे कहा कि सरकार पूरी तरह से चर्चा करके इसका हल निकालेगी अगर बात-चीत ठीक ठाक रहेगी तो कानून लागू करेंगे वरना अगर जरूरत पड़ी तो नियम लागू करने के लिए और समय भी दिया जा सकता है।
क्या कहते हैं नियम
कोई भी मनी बेस्ड गेम ऑफर करना, चलाना या प्रचार करना गैरकानूनी होगा। रियल-मनी गेम ऑफर करने या प्रचार करने पर 3 साल तक की जेल और 1 करोड़ रुपए तक का जुर्माना। विज्ञापन चलाने वालों को 2 साल की जेल और 50 लाख रुपए तक का जुर्माना लगेगा। वहीं जो ऑनलाइन गेम खेल रहे और उसके प्रमोशन करने वाले खिलाडिय़ों के लिए किसी भी प्रकार का प्रावधान नहीं है। वहीं एक विशेष अथॉरिटी बनेगी जो गेमिंग इंडस्ट्री को रेगुलेट करेगी, गेम्स को रजिस्टर करेगी और तय करेगी कि कौन सा गेम रियल-मनी गेम है। पबजी और फ्री फायर जैसे ई-स्पोट्र्स और सोशल गेम्स (बिना पैसे वाले) को सपोर्ट किया जाएगा।
सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने लोकसभा में 20 अगस्त को बिल रखा इसके बाद इसे राज्यसभा में 21 अगस्त को फिर इसे 22 अगस्त को राष्ट्रपति की मंजूरी मिल गई थी इन नियमों का मुख्य उद्देश्य ऑनलाइन गेमिंग में पारदर्शिता लाना, जुए और सट्टेबाजी को रोकना और खिलाडिय़ों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। यह कानून ऑनलाइन गेमिंग इंडस्ट्री को नियंत्रित करने और इसके सकारात्मक पहलुओं को बढ़ावा देने के लिए बनाया गया है।