पेट्रोल की कीमतें आसमान पर, ऊपर से उपभोक्ताओं को लग रहा अतिरिक्त चूना
रायपुर। पेट्रोल व डीजल की शॉर्ट होती आपूर्ति, और बढ़ती कीमतों ने वाहन चालकों को एक तरह से बेहाल ही कर दिया है। दिनोंदिन बढ़ती कीमतों के बीच वाहन चालक अब जरुरी काम के सिलसिले में ही निजी वाहनों का उपयोग कर रहे हैं। इस बीच छत्तीसगढ़ के जगदलपुर के एक पेट्रोल पंप का वीडिया सोशल मीडिया में तेजी के साथ वायरल हो रहा है। वाहन चालक का दावा है, पेट्रोल देते समय महिला सप्लायर ने पंप का मीटर रीसेट नहीं किया था। बिना रीसेट किए पेट्रोल डाल दिया और पंप में लगे मीटर डिस्प्ले में 500 रुपये दिखाने लगा। एक ही झटके में महिला सप्लायर ने 200 रुपये का खेला कर दिया।
जिस वाहन चालक की जेब पर डाका डला, उसने धीरे से इस पूरी चालाकी का वीडियो शूट कर लिया। महिला सप्लायर की चालाकी देखिए, पहले वाहन चालक को 200 रुपये का पेट्रोल दिया, कायदे से उसके बाद मीटर को रीसेट कर जीरो में लाना था, फिर पेट्रोल देना था। उसने ऐसा नहीं किया और मीटर 200 से आगे बढ़ा और सीधे 500 रुपये डिसप्ले में दिखाने लगा। इसे महिला पेट्रोल सप्लायर की चालाकी कहें या फिर गलती। जी नहीं, यह गलती नहीं, उनके द्वारा यह जानबुझकर किया गया। वाहन चालक का दावा है, महिला पेट्राेल लेने आने वाले वाहन चालकों को बातों में उलझाती है और फिर जेब में डाका डालने का काम बेहद चालाकी के साथ करती है।
अंदाज लगाइए, एक दिन में अगर 200 वाहन चालकों के साथ कुछ ऐसा खेला किया तो दिन में कितने रुपये उसके पर्स में जमा होगा। पेट्रोल डीजल में मंहगाई की धधकती आग के बीच इस तरह की चालाकी तो वाहन चालकों का कबाड़ा निकालने के लिए काफी है। आपदा में इस तरह अवसर की तलाश तो गैरकानूनी है।
दरअसल, छत्तीसगढ़ के जगदलपुर के एक पेट्रोल पंप का एक वीडियो सोशल मीडिया में तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में दावा किया जा रहा है कि पेट्रोल भरने से पहले मीटर को रीसेट नहीं किया गया। आरोप है कि पहले वाहन में भरे गए करीब 200 रुपये के पेट्रोल की रीडिंग को शून्य किए बिना ही अगले ग्राहक की गाड़ी में पेट्रोल भरना शुरू कर दिया गया, जिसके बाद मीटर सीधे 500 रुपये तक पहुंच गया।
वीडियो में यह भी दिखाई दे रहा है कि पेट्रोल पंप कर्मचारी पेट्रोल भराने पहुंचे युवक और युवती को अपनी बातों में उलझाने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि, हम वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं करते हैं।
सिर्फ जगदलपुर ही नहीं, बल्कि रायपुर,बिलासपुर समेत प्रदेश के कई हिस्सों से समय-समय पर पेट्रोल पंपों में इस तरह की शिकायतें सामने आती रही हैं।
एक बड़ा सवाल यह है, पेट्रोल पंपों में मिलावट या फिर इस तरह की कांटा मारने की गफलत पर रोक लगाने के लिए खाद्य औषधि प्रशासन की टीम है। प्रदेश के अमूमन सभी बड़े शहरों में भारी भरकम अमला भी है। अमला कहां है और इस तरह की गड़बड़ी की जांच और प्रभावी कार्रवाई क्यों नहीं हो पा रही है।