नकली पनीर का बड़ा खुलासा: रायपुर स्टेशन से 100 किलो पनीर जब्त, दूध की जगह तेल से तैयार हो रहा था नकली पनीर

nakli paneer

रायपुर : खाद्य एवं औषधि प्रशासन ने रायपुर स्टेशन पर बड़ी कार्रवाई की है। टीम ने अंबिकापुर भेजा जा रहा 100 किलो एनालॉग पनीर जप्त किया। यह प्रतिबंधित पनीर प्लेटफॉर्म नंबर 5 से पकड़ा गया। दो कार्टन में 50-50 किलो पनीर भरकर रखा गया था। विभाग ने पनीर जप्त कर जांच शुरू कर दी है।

छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में खाद्य विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। सोमवार रात करीब 8.30 बजे टीम को गुप्त सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही अधिकारी रायपुर रेलवे स्टेशन पहुंचे। टीम ने प्लेटफॉर्म नंबर 5 पर तुरंत दबिश दी।

वहां जांच के दौरान दो बड़े कार्टन मिले। इन कार्टन की तलाशी लेने पर 100 किलो प्रतिबंधित पनीर निकला। दोनों कार्टन में 50-50 किलो एनालॉग पनीर पैक किया गया था। खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने मौके पर ही पूरे माल को जप्त कर लिया।

पूछताछ में कई चौंकाने वाली जानकारियां सामने आई हैं। मौके पर मौजूद गोलू नाम के व्यक्ति ने पुलिस को बताया। उसने कहा कि आशीष जायसवाल ने यह पार्सल स्टेशन पहुंचाने को कहा था। यह खेप रायपुर से अंबिकापुर भेजी जानी थी।

जांच में पता चला कि इस पार्सल की कोई अग्रिम बुकिंग नहीं थी। इसे शरद कार्गो के जरिए अंबिकापुर भेजने की योजना थी। अधिकारियों ने बिना बुकिंग माल भेजने की कोशिश को संदिग्ध माना है। फिलहाल पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है।

एनालॉग पनीर असली दूध से नहीं बनता है। इसे वनस्पति घी और स्किम्ड मिल्क पाउडर (SMP – Skimmed Milk Powder) मिलाकर तैयार करते हैं। इसकी लागत असली दूध के पनीर से आधी से भी कम आती है। सस्ते दाम के कारण इसका मुनाफा बहुत ज्यादा होता है।

शादी, कैटरिंग, होटल और रेस्टोरेंट में इसका भारी इस्तेमाल होता है। नियमों के मुताबिक इसका इस्तेमाल करने पर ग्राहकों को बताना जरूरी है। लेकिन मुनाफा कमाने के चक्कर में व्यापारी यह जानकारी छिपा लेते हैं। इससे आम लोगों की सेहत पर बुरा असर पड़ता है।

खाद्य सुरक्षा विभाग पहले भी ऐसी कई फैक्ट्रियों की जांच कर चुका है। खाद्य एवं औषधि प्रशासन (FDA – Food and Drug Administration) ने व्यापारियों को कड़ी चेतावनी दी है। अधिकारियों ने कहा कि प्रतिबंध का उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई होगी।

विभाग ने स्पष्ट किया है कि मिलावटी सामान बेचने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। रायपुर समेत पूरे राज्य में जांच अभियान तेज कर दिया गया है। रेलवे स्टेशनों और बस स्टैंडों पर भी पैनी नजर रखी जा रही है।