5 एक्सप्रेस ट्रेनों की पैंट्रीकार में छापेमारी, 27 मामलों में कार्रवाई; ₹22,505 का जुर्माना

बिलासपुर : ट्रेनों में यात्रियों को स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराने के रेलवे के दावों के बीच पैंट्रीकारों में कई अनियमितताएं सामने आई हैं। बिलासपुर रेल मंडल की विशेष जांच टीम ने जोनल मुख्यालय रेलवे स्टेशन से गुजरने वाली लंबी दूरी की पांच एक्सप्रेस ट्रेनों की पैंट्रीकारों का औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान खान-पान से जुड़ी व्यवस्थाओं में कई खामियां मिलने पर रेलवे ने कार्रवाई करते हुए 27 मामलों में कुल 22,505 रुपये का जुर्माना वसूला।
रेलवे की जांच टीम ने पांच एक्सप्रेस ट्रेनों की पैंट्रीकारों का निरीक्षण कर नियमों के पालन की स्थिति का जायजा लिया। इस दौरान अलग-अलग मामलों में गड़बड़ियां सामने आईं। रेलवे ने संबंधित संचालकों और कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए जुर्माना लगाया।
- कोरबा-यशवंतपुर वैनगंगा एक्सप्रेस (12252): पैंट्रीकार में 7 अनियमितताएं मिलीं। रेलवे ने 6,900 रुपये का जुर्माना लगाया।
- गया-एलटीटी सुपरफास्ट एक्सप्रेस (22358): जांच में 6 मामले सामने आए, जिन पर 3,300 रुपये का अर्थदंड लगाया गया।
- शालीमार-एलटीटी ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस (12102): इस ट्रेन में 2 मामलों में कार्रवाई करते हुए 2,680 रुपये का जुर्माना वसूला गया।
- हावड़ा-मुंबई सीएसएमटी मेल (12810): पैंट्रीकार की जांच में 8 अनियमितताएं मिलीं। इन मामलों में 4,600 रुपये का जुर्माना लगाया गया।
- संतरागाछी-जबलपुर हमसफर एक्सप्रेस (20828): यहां 4 मामलों में कार्रवाई करते हुए 5,025 रुपये की वसूली की गई।
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अनुराग सिंह के मार्गदर्शन में करीब एक सप्ताह पहले भी पैंट्रीकारों के खिलाफ विशेष जांच अभियान चलाया गया था। उस दौरान राजधानी एक्सप्रेस, छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस, आजाद हिंद एक्सप्रेस और ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस की पैंट्रीकारों में अनियमितताएं सामने आई थीं।
जांच के दौरान कुछ कर्मचारी वैध मेडिकल फिटनेस प्रमाणपत्र, पुलिस वेरिफिकेशन और पहचान पत्र के बिना काम करते पाए गए थे। रेलवे ने तब 35 मामलों में कार्रवाई करते हुए कुल 24,855 रुपये का जुर्माना वसूला था।
लगातार हो रहे निरीक्षण और कार्रवाई से रेलवे की खान-पान सेवाओं से जुड़े संचालकों पर निगरानी बढ़ गई है। यात्रियों को बेहतर और सुरक्षित भोजन उपलब्ध कराने के उद्देश्य से रेलवे की यह कार्रवाई महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
