सावधान! एलपीजी कनेक्शन के नाम पर भेजे जा रहे फर्जी मैसेज, लिंक पर क्लिक करते ही हो सकती है ठगी

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रायपुर : पेट्रोलियम कंपनियों की तरफ से नए घरेलू गैस कनेक्शन पर लगी रोक का फायदा अब साइबर ठग उठा रहे हैं। पैसे जमा होते ही ठग संपर्क तोड़ देते हैं।

यह मामला रायपुर से सामने आया है। गैस एजेंसियों तक लगातार ऐसे मामलों की जानकारी पहुंचने के बाद एचपीसीएल, बीपीसीएल और इंडेन एजेंसियों ने पंपलेट और अखबारों के जरिए लोगों को इस स्कीम से सतर्क रहने की एडवाइजरी जारी की है।

इसी बीच जिला खाद्य नियंत्रक भूपेंद्र मिश्रा समेत खाद्य विभाग की टीम ने शहर के 10 से ज्यादा गैस गोदामों का निरीक्षण किया। सिलेंडर स्टॉक, डिलीवरी और एक्सपायरी की जांच की गई। अधिकारियों ने एजेंसियों को नियमों के अनुसार आपूर्ति करने के निर्देश दिए हैं। जांच में स्टॉक में कोई गड़बड़ी नहीं मिली।

डीडी नगर निवासी कंचन दुबे ने नए गैस कनेक्शन के लिए एक लिंक पर आवेदन किया था। पहले उनसे 50 रुपए जमा कराए गए। इसके बाद दोबारा 50 रुपए और मांगे गए, तब उन्हें ठगी का शक हुआ।

समय रहते शक होने से वे बड़ी रकम गंवाने से बच गईं।

सुभाष नगर निवासी ज्योति नाग के बेटे ने गूगल पर गैस कनेक्शन खोजा था। फर्जी वेबसाइट पर पहले 50 रुपए और फिर आधार सत्यापन के नाम पर 50 रुपए और जमा करा लिए गए।

इन दोनों मामलों से यह साफ हो गया कि ठग किस तरह से कदम-दर-कदम लोगों से रकम ऐंठ रहे हैं।

ठग एसएमएस और व्हाट्सएप के जरिए यह संदेश भेज रहे हैं कि नए गैस कनेक्शन फिर से शुरू हो गए हैं। इसमें इंडेन, एचपी और भारत गैस से कनेक्शन और उज्ज्वला योजना का लाभ दिलाने का दावा किया जाता है।

इसके बाद MyLPG.in से मिलते-जुलते फर्जी लिंक भेजकर आवेदन, दस्तावेज अपलोड करने और ऑनलाइन भुगतान करने को कहा जाता है।

सबसे पहले मोबाइल या व्हाट्सएप पर फर्जी लिंक भेजा जाता है। लिंक खोलते ही आवेदन फॉर्म भरवाया जाता है।

इसके बाद पहले 50 या 100 रुपए रजिस्ट्रेशन के नाम पर मांगे जाते हैं। फिर आधार सत्यापन या प्रोसेसिंग फीस के नाम पर दोबारा भुगतान कराया जाता है। शक न हो, इसलिए ठग लोगों से छोटी-छोटी रकम ही मांगते हैं। पैसा जमा होते ही कोई जवाब नहीं मिलता।

अधिकारियों की सलाह है कि सिर्फ अधिकृत गैस एजेंसी, वेबसाइट या मोबाइल ऐप का ही इस्तेमाल करें। गूगल पर दिखने वाले हर लिंक पर भरोसा न करें और व्हाट्सएप या एसएमएस से मिले लिंक पर पेमेंट न करें।

रजिस्ट्रेशन या आधार सत्यापन के नाम पर मांगे गए पैसे ऑनलाइन जमा न करें। नए गैस कनेक्शन की जानकारी हमेशा अधिकृत एजेंसी से ही लें। OTP, बैंक डिटेल या आधार की जानकारी किसी से साझा न करें। ठगी होने पर तुरंत cybercrime.gov.in या 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।

LPG सिलेंडरों से जुड़ी किसी भी तरह की जानकारी के लिए संबंधित गैस एजेंसियों से ही संपर्क करें। ऑनलाइन बुकिंग के लिए भी कंपनी की अधिकृत वेबसाइट और मोबाइल ऐप का ही इस्तेमाल करें।

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