छत्तीसगढ़ में आज से SIR की शुरुआत, घर-घर जाकर होगी मतदाता गणना
रायपुर। छत्तीसगढ़ समेत देश के 12 राज्यों और 3 केंद्रशासित प्रदेशों में आज से Special Intensive Revision (SIR) यानी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण की प्रक्रिया शुरू हो गई है। यह अभियान (voter list update) 7 फरवरी 2026 तक चलेगा। पहले चरण में BLO (Booth Level Officer) घर-घर जाकर मतदाताओं की गणना करेंगे। यह सर्वे 4 दिसंबर 2025 तक जारी रहेगा।
बीएलओ घर-घर जाकर करेंगे सत्यापन
बीएलओ हर घर जाकर मतदाता का Enumeration Form भरवाएंगे और 2003 की वोटर लिस्ट से मिलान करेंगे। जिन लोगों का नाम पुराने रिकॉर्ड में मौजूद है, उन्हें कोई दस्तावेज़ जमा करने की आवश्यकता नहीं होगी। लेकिन जिनका नाम पहली बार जोड़ा जा रहा है, उन्हें पहचान और नागरिकता साबित करने वाले दस्तावेज़ (ID proof documents) देने होंगे।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी यशवंत कुमार ने बताया कि वर्तमान में छत्तीसगढ़ में 2 करोड़ 12 लाख 30 हजार मतदाता हैं। प्रदेश में 24,371 मतदान केंद्र हैं, जहां क्चरुह्र सर्वे पूरा करेंगे। उन्होंने कहा कि “2003 और 2025 की सूचियों का 71त्न मिलान पहले ही पूरा हो चुका है, शेष घर-घर सर्वे में पूरा हो जाएगा।”
SIR प्रक्रिया के तहत 4 दिसंबर तक घर-घर सर्वे, 9 दिसंबर को प्रारंभिक मतदाता सूची का प्रकाशन, और 9 दिसंबर से 8 जनवरी तक दावा और आपत्ति दर्ज करने की प्रक्रिया चलेगी। इसके बाद 31 जनवरी तक सभी दावों का निपटारा किया जाएगा और 7 फरवरी 2026 को अंतिम सूची प्रकाशित होगी।
SIR क्यों जरूरी है?
मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने कहा कि SIR का मकसद वोटर लिस्ट को सटीक, पारदर्शी और फर्जी नामों से मुक्त करना है। 21 साल बाद यह प्रक्रिया दोबारा शुरू की गई है, जबकि इसे हर सात साल में होना चाहिए।
इस प्रक्रिया में ऐसे मतदाताओं के नाम हटाए जाएंगे जिनकी मृत्यु हो चुकी है, जो स्थायी रूप से स्थानांतरित हो गए हैं, या जिन्होंने एक से अधिक मतदाता कार्ड बनवा रखे हैं। साथ ही, घुसपैठियों और फर्जी मतदाताओं की पहचान भी की जाएगी।