रायपुर में 1.50 करोड़ से बनेंगे 3 नए कचरा ट्रांसफर स्टेशन, रहवासियों के विरोध से अटका निर्माण

स्वच्छ भारत मिशन के तहत बनने वाले इन कचरा ट्रांसफर स्टेशनों के लिए नगर निगम ने तीन जोन में स्थान चिह्नित करने की योजना बनाई है। जोन-2 के पंडरी स्थित पुराने बस स्टैंड क्षेत्र की खाली जमीन पर स्टेशन बनाने का प्रस्ताव है। वहीं, जोन-9 के कचना, दलदल सिवनी और लभांडी क्षेत्र में सर्वे कर उपयुक्त जमीन की तलाश की जा रही है। इसके अलावा जोन-10 के गोकुलनगर काठाडी क्षेत्र में भी निर्माण के लिए जगह देखी जा रही है।
फिलहाल शहर की सफाई व्यवस्था का जिम्मा संभाल रही रामकी कंपनी को नगर निगम की ओर से सीमित संख्या में सेकंडरी कलेक्शन पॉइंट उपलब्ध कराए गए हैं। एक ही कलेक्शन पॉइंट पर 5 से 6 वार्डों का कचरा पहुंचने के कारण कचरा उठाने वाले वाहनों को लंबी दूरी तय करनी पड़ती है। इससे न केवल परिवहन में अधिक समय लगता है, बल्कि ईंधन की खपत भी बढ़ती है।
इसी समस्या को दूर करने और कचरा परिवहन व्यवस्था को अधिक सुगम बनाने के उद्देश्य से तीन नए ट्रांसफर स्टेशन विकसित करने की योजना तैयार की गई है।
नगर निगम की योजना के मुताबिक, प्रत्येक कचरा ट्रांसफर स्टेशन के निर्माण पर लगभग 50 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। यहां कचरे के संग्रहण और प्रबंधन के लिए जरूरी बुनियादी सुविधाएं विकसित की जाएंगी। इनमें पक्का शेड, बाउंड्रीवाल, मुख्य प्रवेश द्वार, बिजली और पानी की व्यवस्था सहित अन्य आवश्यक सुविधाएं शामिल होंगी।
टेंडर प्रक्रिया पूरी होने और एजेंसियों को वर्कऑर्डर जारी किए जाने के बाद अब नगर निगम ने संबंधित जोनों के अधिकारियों को जमीन चिन्हांकन और निर्माण कार्य की निगरानी की जिम्मेदारी दी है। निगम प्रशासन स्थानीय रहवासियों से बातचीत कर विरोध दूर करने और जमीन से जुड़ी अड़चनें सुलझाने का प्रयास कर रहा है। जमीन का चिन्हांकन होते ही निर्माण कार्य शुरू कराने की तैयारी है।
