छत्तीसगढ़ में ASI को उम्रकैद: नाबालिग से दुष्कर्म मामले में जिला कोर्ट ने सुनाई सजा

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राजनांदगांव। नाबालिग से दुष्कर्म और जलाकर मारने के प्रयास के आरोप में एएसआई को कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है. अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायालय खैरागढ़ के न्यायाधीश ने यह सजा सुनाई है. मामला छुईखदान थाना क्षेत्र का है. यहां पदस्थ एएसआई 52 वर्षीय नरेंद्र गाहिने मई से अगस्त 2021 तक अपने घर में काम करने वाली महिला की नाबालिग बेटी से दुष्कर्म करता रहा. जब नाबालिग ने हिम्मत जुटाकर इसका विरोध किया तो ASI ने उसे जलाकर मारने का प्रयास किया.

14 अगस्त 2021 को एक महिला ने अपनी 15 वर्षीय बेटी के साथ दुष्कर्म की शिकायत थाने में दर्ज कराई थी. परिजनों की शिकायत के बाद पुलिस ने आरोपी ASI नरेंद्र गाहिने को गिरफ्तार कर लिया था. नरेंद्र गाहिने मूल रुप से राजनांदगांव के तुलसीपुर का रहने वाला है. पीड़ित महिला की शिकायत के मुताबिक, वो आरोपी एएसआई नरेंद्र गाहिने के घर खाना बनाने का काम करती थी. 15 साल की नाबालिग बेटी भी कई बार उनके साथ एएसआई के घर आया करती थी. कई बार नाबालिग पीड़िता अपनी मां के नहीं आने पर अकेले ही एएसआई के घर आती थी. इसी अकेलेपन का फायदा उठाकर एएसआई ने नाबालिग के साथ दुष्कर्म किया.

कुछ दिन पहले पीड़िता की मां ने नाबालिग बेटी को लेकर एएसआई को कमरे में जाते देखा. जब वो वहां पहुंची तो बेटी के शरीर पर जलने के निशान मिले. पीड़िता को गंभीर हालात में हॉस्पिटल में भर्ती किया गया था. वहीं महिला ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी. पीड़िता की मां की रिपोर्ट पर पुलिस ने मामले को गंभीरता से लिया और इसकी जांच की. नाबालिग के पैर पर जलने का निशान मिला है, जिसके बाद आरोपी एएसआई नरेंद्र गाहिने को गिरफ्तार किया गया. इस मामले में जिला कोर्ट ने फैसला सुनाते हुए आरोपी को उम्र कैद की सजा सुनाई है.

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